संज्ञा किसे कहते हैं, परिभाषा, प्रकार | Sangya Kise Kahate Hain

Amazon और Flipkart पर गारंटीड 50% से 60% तक की छुट पाने के लिए हमारे टेलीग्राम चैनल से जुड़े। ​

नमस्कार दोस्तों, आज की इस लेख में हम संज्ञा किसे कहते हैं, संज्ञा की परिभाषा, प्रकार इत्यादि इन सभी की जानकारी लेंगे। तो चलिए आज की इस लेख की शुरुआत करते हैं और जानते हैं कि संज्ञा किसे कहते हैं।

संज्ञा व्याकरण का एक महत्वपूर्ण भाग हैं। यदि आप हिंदी व्याकरण को अच्छे से सीखना चाहते हैं। तो आपको संज्ञा के पाठ से शुरुआत करनी चाहिए हालांकि संज्ञा को बहुत से बच्चे शुरू से पढ़ते हैं लेकिन वो सही से समझ नहीं पाते हैं आज की इस लेख में आप संज्ञा की सम्पूर्ण ज्ञान को प्राप्त करेंगे।

संज्ञा को समझना तथा वाक्यों में उसे ढूढना होता हैं संज्ञा को सिर्फ कुछ निश्चित कक्षाओ तक नहीं समझना होता हैं। संज्ञा से जुड़े सवाल प्रतियोगी परीक्षाओ में भी पूछे जाते हैं। इस वजह से संज्ञा को पूरी तरह से ( विस्तार पूर्वक ) समझना आवश्यक हैं।

संज्ञा किसे कहते हैं

संज्ञा का अर्थ होता हैं: नाम। जब किसी व्यक्ति,वस्तु या स्थान के नाम का बोध हो उसे संज्ञा कहते हैं। संज्ञा एक विकारी शब्द हैं। इस ब्रह्माण्ड में मौजूद प्रत्येक वस्तु के नाम को संज्ञा कहते हैं।

संज्ञा किसे कहते हैं

संज्ञा की परिभाषा: किसी भी व्यक्ति, वस्तु, स्थान, भाव, विचार के नाम को संज्ञा कहते हैं। इस संसार में प्रत्येक सजीव या निर्जीव व्यक्ति, स्थान, वस्तु का कुछ-न-कुछ नाम अवश्य होता है। यह नाम ही संज्ञा कहलाता है। व्याकरण में संज्ञा का अर्थ है- ‘नाम’ अर्थात् किसी भी नाम को संज्ञा कहते हैं।

संज्ञा के उदाहरण:

  • प्राणी- अमन, बच्चा, ऊँट, लड़की, तोता, भेड़, हिरन, चिड़िया, कबूतर बिल्ली, शेर, आदि।
  • वस्तु- दीवार, कागज, पलंग, मेज, पेन आदि।
  • स्थान- भारत, दिल्ली, पंजाब, जम्मू, मथुरा, ग्राम, गली, अफ्रीका आदि।
  • भाव- सर्दी, सुंदरता, मिठास, बचपन, मोहब्बत, गर्मी आदि।

व्यक्तिवाचक संज्ञा किसे कहते हैं

जिस संज्ञा से किसी विशेष व्यक्ति, वस्तु या स्थान के नाम का बोध हो, उसे व्यक्तिवाचक संज्ञा कहते हैं।उदाहरण: राम, रावण, कंस, भगतसिंह, वीर सावरकर, रामायण, महाभारत, श्रीमद्भागवत गीता आदि।

व्यक्तिवाचक संज्ञा के कुछ अन्य उदाहरण:-

  • यह लालकिला है।
  • स्वामी विवेकानंद हमारे देश की महान विभूति थे।
  • कुरान मुसलमानों का पवित्र ग्रंथ है।
  • उमेश क्रिकेट खेल रहा हैं।
  • सुरेश तुम्हारा दोस्त हैं।
  • वह रेश्मा से मिलकर काफी खुश हुआ।

जातिवाचक संज्ञा किसे कहते हैं

जो संज्ञा शब्द किसी एक ही प्रकार के व्यक्ति, वस्तु या स्थान के वर्ग या जाति के प्राणियों का बोध कराते हैं, उन्हें जातिवाचक संज्ञा कहते हैं।

जातिवाचक संज्ञा के उदाहरण:

बन्दर: जब हम बन्दर की बात करते हैं तो बन्दर शब्द से किसी खास बन्दर का बोध न होकर होकर पूरी जाती का बोध होता हैं। क्योकि बंदरो में भी कई प्रकार होते हैं काले बन्दर, लाल बन्दर, इत्यादि इस प्रकार से बन्दर एक जातिवाचक संज्ञा हैं।

लड़का: जब हम लड़का शब्द का उच्चारण करते हैं तो सभी प्रकार के लडको का बोध होता हैं जैसे: राम, देल्विन, पीटर, डेनियल आदि।क्युकी मनुष्य जाति में लड़का एक खास अवस्था वाली जाति हैं।

जातिवाचक संज्ञा के अन्य उदाहरण:

  1. बच्चे क्रिकेट खेल रहे हैं।
  2. अध्यापक बच्चो को पढ़ा रहे हैं।
  3. पक्षियों को बेवजह परेशां नहीं करना चाहिए।
  4. शहरो में प्रदुषण काफी बढ़ गया हैं।
  5. नेताओं ने लोगो से वोट मांगे।

भाववाचक संज्ञा किसे कहते है

जो संज्ञा शब्द किसी चीज या पदार्थ की गुण, दोष, धर्म, कर्म, दशा, व्यापार, चेष्टा या मन के भावों आदि का बोध कराते हैं, उन्हें भाववाचक संज्ञा कहते हैं। जैसे: मीठापन, स्वादहीन, मोटापा, दुःख, इत्यादि।

भाववाचक संज्ञा के उदाहरण:

  1. तुम में साहस की कमी हैं।
  2. उसका स्वास्थ्य बिगड़ने की वजह से उसे थकान सा महसूस हो रहा हैं।
  3. पानी रंगहीन होता हैं।
  4. वह व्यक्ति मोटापा से परेशान हैं।
  5. उसके दुःख का कारण वह खुद हैं।

द्रव्यवाचक संज्ञा किसे कहते हैं :

किसी द्रव्य, धातु या पदार्थ का बोध कराने वाले शब्दों को, द्रव्यवाचक संज्ञा कहते हैं। द्रव्यवाची संज्ञा शब्दों का प्रयोग एकवचन में ही होता है क्योंकि ये शब्द गणनीय नहीं है। जैसे: पीतल, घी, तेल, दूध, कोयला, गेहूँ, चावल, पारा आदि।

द्रव्यवाचक संज्ञा के उदाहरण:

  • सोने का भाव आसमान छू रहा हैं।
  • वह चावल को बेच रही हैं।
  • मुझे एक ग्लास पानी मिल सकता हैं।
  • उसने लोहे की छड़ी का प्रयोग किया।
  • आपने मुझे सोने की अंघुठी दी हैं।

समूहवाचक संज्ञा किसे कहते हैं:

जिन संज्ञा शब्दों से किसी भी व्यक्तियों, वस्तुओं आदि के समूह का बोध होता हैं। उन समूहवाचक संज्ञा कहते हैं।समूहवाची या समुदायवाची शब्दों का प्रयोग भी एकवचन में ही होता है क्योंकि ये एक ही जाति के सदस्यों के समूह को एक इकाई के रूप में व्यक्त करते हैं। जैसे: सभा, कक्षा, सभा, सेना, भीड़, समूह, मंडल आदि।

समूहवाचक संज्ञा के उदाहरण:

  1. भारतीय सेना भारत की सेवा के लिये हमेशा तत्पर होती हैं।
  2. मेरे परिवार में चार सदस्य हैं।
  3. क्या तुमने अंगूर के उस गुच्चे को देखा हैं।
  4. आपको एक दर्जन केले खरीदने हैं।
  5. पुलिस ने चोरो के समूह को पकड़ा।

संज्ञा से जुड़े कुछ सवाल जवाब

प्रश्न: संज्ञा किसे कहते हैं

उत्तर: किसी भी व्यक्ति, वस्तु, स्थान, भाव, विचार के नाम को संज्ञा कहते हैं।

प्रश्न: संज्ञा के कितने प्रकार हैं?

उत्तर: संज्ञा के 5 प्रकार होते हैं

प्रश्न: प्रेम कौन सी संज्ञा हैं?

उत्तर: भाववाचक संज्ञा

इससे सम्बंधित लेख: निबन्ध किसे कहते हैं, प्रकार, विशेषताए

इस लेख के बारे में:

तो आपने इस लेख में जाना की संज्ञा किसे कहते हैं  इस लेख को पढ़कर आपको कैसा लगा आप अपनी राय हमें कमेंट कर सकते है। इस लेख में सामान्य तौर पर किसी भी प्रकार की कोई गलती तो नहीं है लेकिन अगर किसी भी पाठक को लगता है कि इस लेख में कुछ गलत है तो कृपया कर हमे अवगत करे। आपके बहुमूल्य समय देने के लिए और इस लेख को पढने के लिए allhindi की पूरी टीम आपका दिल से आभार व्यक्त करती है।

इस लेख को अपने दोस्तों तथा किसी भी सोशल मीडिया के माध्यम से दुसरो तक यह जानकारी पहुचाये। आपकी एक शेयर और एक कमेंट ही हमारी वास्तविक प्रेरणा है।

Facebook
Twitter
WhatsApp
Telegram

1 thought on “संज्ञा किसे कहते हैं, परिभाषा, प्रकार | Sangya Kise Kahate Hain”

Leave a Comment

Trending Post

Request For Post